दुनिया की टॉप 10 सबसे खतरनाक मिसाइलें

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किसी भी देश की मजबूत सेना बाहरी खतरों से उसकी सुरक्षा की गारंटी होती है। मजबूत सेना के लिए जरूरी हैं अत्याधुनिक मारक हथियार और इस कड़ी में सबसे प्रभावी साबित होती हैं मिसाइलें। दुनिया में आज ऐसी भी मिसाइलें बन चुकी हैं, जिन्हें महज एक बार दागने भर से छोटा-मोटा देश पूरा का पूरा खत्म हो सकता है। देखिए विध्वंस का दूसरा नाम बन चुकीं दुनिया की 10 सबसे संहारक मिसाइलें।

1. बीजीएम-109 टॉमहॉक:

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बीजीएम-109 टॉमहॉक अमेरिका के सबसे खास हथियारों में से एक है। ये मध्यम से लंबी दूरी तक मार करने की सबसे खतरनाक मिसाइल है। टॉम हॉक 1500 किलोमीटर की दूरी से अपना लक्ष्य साध कर हमला करती है। अमेरिका इन मिसाइलों के इस्तेमाल से आईएसआईएस को पछाड़ने में लगा हुआ है। अमेरिका इनका इस्तेमाल इराक के रक्का शहर से करीबन 1,000 मील की दूरी से लाल सागर में बनाए नौसैनिक बेस से कर रहा है। इस मिसाइलों को पकड़ पाना बेहद मुश्किल है, जो छोड़े जाने के महज कुछ ही देर में अपने लक्ष्य को तहस नहस कर देती हैं। ये सबसोनिक क्रूज मिसाइलों की श्रेणी में सबसे खतरनाक मिसाइल है। टॉमहॉक ने सबसे पहले 1991 के खाड़ी युद्ध में अपना जौहर दिखाया था। उस युद्ध में अमेरिका ने 288 टॉमहॉक मिसाइलों का इस्तेमाल कर दुश्मन को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया था। 1993 में अमेरिका ने 23 मिसाइलें दागकर इराकी खुफिया सेवा के कमांड और कंट्रोल सेंटर, 1995 में 13 मिसाइलें दागकर बोस्निया के रेडियो टॉवर समेत पूरा शहर बर्बाद कर दिया। 2001 में अमेरिका ने 50 टॉमहॉक मिसाइलों से अफगानिस्तान और 2011 में 124 मिसाइलों से सीरिया पर हमले किए। ये हर हमले में शत-प्रतिशत सफल रहीं।

2. आर-36:

आर-36 सोवियत रूस के जमाने से दुनिया की सबसे ताकतवर मिसाइल है। इस मिसाइल के दम पर सोवियत रूस ने अमेरिका पर बढ़त बना ली थी। ये एक साथ 10 से ज्यादा ठिकानों पर निशाना साधने में रक्षम है। इसे शुरुआत में अंतरिक्ष कार्यक्रमों के लिए बनाया गया था, लेकिन बाद में मारक मिसाइल में तब्दील कर दिया गया। ये रूस की स्ट्राइक मिसाइलों में से एक है। ये मिसाइल 10 हजार 200 किलोमीटर से 16 हजार किलोमीटर तक मार कर सकती है।

3. अग्नि 5:

अग्नि 5 मिसाइल भारत की सबसे दूर तक मार करने वाली मिसाइल है। ये परमाणु हथियारों को ले जाने में सक्षम होने के साथ ही एक साथ कई लक्ष्यों को भेदने में भी सक्षम है। अप्रैल 2012 को अग्नि 5 का परीक्षण किया गया, जिसने पूरी दुनिया को हिला कर रख दिया। इसकी जद में पूरा चीन आ जाता है। इसकी रेंज 5 हजार 500 किलोमीटर है, जिसे 7 हजार किलोमीटर तक बढ़ाया जा सकता है। इसी साल ये मिसाइल भारतीय सेना में शामिल हो जाएगी।

4. ब्रह्मोस:

ब्रह्मोस भारत और रूस का संयुक्त उपक्रम है। जिसका नाम भारत की ब्रह्मपुत्र और रूस की मॉस्क्वा नदी के नाम पर रखा गया है। ये मिसाइल महज 290 किमी तक ही मार करने में सक्षम है, लेकिन सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल की श्रेणी में दुनिया की उन गिनी चुनी मिसाइलों में से एक है, जिसे जल, थल, वायु कहीं से भी दागा जा सकता है। ब्रह्मोस की तैनाती भारतीय सेना की तीनों सेनाओं में है। इस मिसाइल को दुनिया की सबसे तेज क्रूज मिसाइल होने का तमगा प्राप्त है, जो रडार की पकड़ में नहीं आती और पलक झपकते ही दुश्मन के निशाने को नेस्तनाबूत कर सकती है। ये मिसाइल सिर्फ 10 मीटर की ऊंचाई पर उड़ने की भी क्षमता रखती है, जिसकी वजह से इसे दुश्मन के रडार से कभी पकड़ा नहीं जा सकता। इसकी यही खूबी इसे दुनिया की सबसे खतरनाक मिसाइलों में शुमार करती है।

5. पैथन-5:

राफेल एडवांस डिफेंस सिस्टम से लैस पैथन-5 पांचवीं पीढ़ी की हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल है। ये मिसाइल बहुत कम दूरी के लक्ष्यों को बेहद सटीक तरीके से तबाह करती है। पैथन मिसाइल अपने रेंज और मारक क्षमता के लिहाज से दुनिया की सबसे मारक मिसाइल होने का दर्जा रखती है। पैथन-5 आधुनिक तकनीकों से लैस एफ-15, एफ-16, मिराज, एमकेआई30 जैसे लड़ाकू विमानों पर तैनात है। ये मिसाइल दोहरे वेबबैंड फोकल प्लेन एरे(एफपीए) दृश्यता प्रणाली, आधुनिक नेविगेशन प्रणाली और एडवांस इंफ्रारेड काउंटर प्रणाली से लैस है, जो इसे शत-प्रतिशत सफलता के साथ लक्ष्यवेधन में महारत देते हैं। इस मिसाइल का सबसे पहले इजरायली सेना ने 2006 के लेबनान वॉर में इस्तेमाल किया था, जिसमें उसने एफ-16 फाइटर प्लेन से एक ही मिसाइल दाग हिजबुल्लाह के दो मानवरहित जासूसी विमानों को निशाना बनाया था। इस मिसाइल को दुनिया के 15 ताकतवर देश अपनी सेना में रखते हैं।

6. एलजीएम-30 मिनटमैनः

एलजीएम-30 मिनटमैन अमेरिका की सबसे सक्षम मिसाइलों में से एक है। इसकी मारक क्षमता 13 हजार किलोमीटर है और ये एक साथ 3 परमाणु हथियारों को ले जाने में सक्षम है। जो 3 अलग-अलग लक्ष्यों को भेद सकते हैं। अमेरिकी सेना ने इसे ट्राइडेंट मिसाइल सिस्टम से लैस करके दुनिया की सबसे मारक मिसाइल बना दिया है। फिलहाल ये अमेरिकी सेना में शामिल इकलौती अंतरमहाद्वीपीय मिसाइल है।

7. डोंगफेंग-41:

वैसे तो दुनिया चीनी सेना और चीनी हथियारों के बारे में कम ही जानती है, लेकिन डीएफ-41(डोंगफेंग-41) के बारे में जो थोड़ी बहुत जानकारियां सामने आई हैं, उसके हिसाब से डीएफ-41 दुनिया की सबसे सक्षम मिसाइलों में से एक है। ये परमाणु हथियारों को ढोने में तो सक्षम है ही, साथ ही किसी भी जगह से इसे छोड़ा जा सकता है। इसी खूबी की वजह से ये दुनिया की सबसे सक्षम मिसाइलों में से एक है, क्योंकि इसे सड़क पर खड़े किसी ट्रक लांचर से भी दागा जा सकता है। ये दुनिया में सबसे लंबी दूरी तक मार करने वाली मिसाइल है, जिसकी रेंज लगभग 14 हजार किमी है। इस मिसाइल की जद में लगभग पूरी दुनिया आती है, जो मैक-25 की गति से हमला करने में सक्षम है। ये एक साथ कई लक्ष्यों को भी भेदने में सक्षम है।

8. आईरिस-टी:

आईरिस-टी नई जेनरेशन की सबसे मारक मिसाइल है। इसकी क्षमता महज 25 किमी तक ही मार करने की है, लेकिन लेजर गाइडेड तकनीक के दम पर ये 100 फीसदी लक्ष्य को भेदती है। इस मिसाइल को जर्मन मूल की डायल कंपनी ने कई देशों जैसे ग्रीस, इटली, कनाडा, नॉर्वे और स्पेन के सहयोग से बनाया है। इस मिसाइल को दुनिया के सबसे खतरनाक लड़ाकू विमानों यूरोफाइटर टाइफून, एफ-16, टॉर्नेडो पर तैनात किया गया है। आईरिस-टी लगभग हर तरह के लक्ष्य को भेद सकती है। ये पानी के भीतर भी उतनी ही कुशलता से निशाने को ध्वस्त करती है, जितना किसी रेगिस्तानी इलाके या शहर के बीच स्थित लक्ष्य को। ये मिसाइल विपरीत परिस्थितियों में भी 100 फीसदी कामयाब रही है, जिसकी वजह से इस मिसाइल को इस लिस्ट में शामिल किया गया है।

9. यूजीएम-133 (ट्राइडेंट II):

अमेरिकी हथियार निर्माता कंपनी लॉकहीड मार्टिन की ओर से विकसित की गईं ये बैलिस्टिक मिसाइल पानी से भी छोड़ी जा सकती हैं। डोंगफेंग से इतर ये मिसाइल पनडुब्बियों पर भी तैनात हैं, जिनकी जद में पूरी दुनिया है। इस मिसाइल का इस्तेमाल सिर्फ अमेरिका और ब्रिटेन की रॉयल नेवी करती है। परमाणु हथियारों से लैस ये मिसाइल एक साथ कई लक्ष्यों को भेदने में सक्षम है। ये पानी के अंदर से भी दागी जा सकती हैं, जिसके दम पर ये अमेरिकी सेना की स्ट्राइक करने वाली मिसाइलों में से एक है। 1983 में विकसित इस मिसाइल को अमेरिकी और ब्रिटिश सेना 1990 से इस्तेमाल कर रहे हैं, जिनकी मारक क्षमता 7840 किलोमीटर तक है।

10. एआईएम-120 (एम्राम):

एआईएम-120(एडवांस्ड मीडियम रेंज एयर टू एयर मिसाइल-एम्राम) को रेथियाम (अमेरिकी कंपनी) ने बनाया है। इसने इराक, बोस्निया और कोसोवो में अपनी उपयोगिता सिद्ध की है। कई लक्ष्यों पर एक साथ हमला, काउंटर अटैक और ठोस ईंधन पर चलने वाली ये मिसाइल दुनिया में हवा से हवा में मार करने वाली सर्वश्रेष्ठ मिसाइलों में से है। इस मिसाइल का इस्तेमाल दुनिया के 36 देश कर रहे हैं। ये लगभग सभी लड़ाकू विमानों जैसे एफ-22, यूरोफाइटर टाइफून, एफ-15, एफ-16, सी-हैरियर, टोरनेडो में फिट होती है और पलक झपकते ही लक्ष्य को तहस नहस कर देती है। ये मिसाइल आंतरिक तौर पर रेडार से बचने की क्षमता रखती है। जिसे माइक्रो कम्प्यूटर से नियंत्रित किया जाता है। ये मिसाइल भारी वारहेड ले जाने की वजह से एक साथ कई जगहों पर तबाही मचाने में सक्षम है।

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