वीडियो में देखिये कैसे नेताजी की दबंगई उन्ही पर उस वक़्त भारी पड़ गयी जब तेज़ तर्रार महिला सीओ से हुआ उनका सामना जिसके बाद…

प्रमोद लोधी ने सीओ से भी अभद्रता की, जिसके बाद उनके खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने के मामले में एफआईआर दर्ज कराकर गिरफ्तार कर लिया गया|

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पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर बुलंदशहर से आया एक वीडियो जमकर धूम मचा रहा है| सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो में बुलंदशहर की महिला CO श्रेष्ठा सिंह बीजेपी के एक नेता की अकड़ निकालती नज़र आ रही हैं| दरअसल वाकया उस वक़्त का है जब रौब में एक बीजेपी नेता ने ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन कर दिया जिसके चलते उनपर ट्राफिक पुलिस ने चालान काट दिया, लेकिन भला नेता जी को चालान देना पड़े ऐसा कैसे हो सकता है? बस फिर क्या था चालान की टिकट देखते ही मानो नेता जी आपा खो बैठे|

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मामला गुरुवार का है, जहाँ नेताजी के सर पर गलती के बावजूद ऐसा रुतबा चढ़ा जिसे उतारने फिर वहां महिला सीओ श्रेष्ठा को ही आना पड़ा| ये वाकया वाकई दुखद है क्योंकि जहाँ एक तरफ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश में कानून व्यवस्था दुरुस्त करने में लगे हुए हैं, वहीं दूसरी तरफ कुछ ऐसे भी नेता हैं जिनकी चाहे कुछ भी कर लो दबंगई छूटने का नाम ही नहीं ले रही है|

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मामले की शुरुआत हुई जब स्याना में चेकिंग के दौरान जिला पंचायत सदस्या प्रवेश देवी के पति प्रमोद लोधी को पुलिस ने बिना हेलमेट और बिना कागजात के बाइक चलाते पकड़ लिया, कानून तोड़ा था तो चालान तो लगना ही था लेकिन बजाय इसके की वो चालान देकर अपनी गलती मान लेते मंत्रीजी तो उल्टा भड़क गए और हंगामा खड़ा कर दिया| मामला बढ़ता देख वहां सीओ स्याना श्रेष्ठा सिंह आयीं तो मंत्रीजी उनसे भी उलझ गए| बताया जा रहा है कि प्रमोद लोधी ने सीओ से भी अभद्रता की, जिसके बाद उनके खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने के मामले में एफआईआर दर्ज कराकर गिरफ्तार कर लिया गया|

देखिये वीडियो:

 

हालाँकि बाद में पुलिस ने सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में बीजेपी नेता के खिलाफ मामला कर लिया, लेकिन इस बात की जानकारी मिलते ही बीजेपी कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी| पुलिस के खिलाफ नारेबाजी कर रहे कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पुलिस बीजेपी से जुड़े ही लोगों के खिलाफ ही कार्रवाई करती है| पुलिस ने ट्रैफिक नियमों के नाम पर उनसे दो हजार रुपये की डिमांड की थी हालाँकि सीओ श्रेष्ठा ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताया है|